Pateti Festival Essay in Hindi | पतेती त्यौहार पर निबन्ध हिंदी में

दोस्तो आज का हमारा विषय है पतेती त्यौहार पर निबन्ध हिंदी में अर्थात Pateti Festival Essay in Hindi। दोस्तों आप सभी को आपके स्कूल में इस विषय पर निबंध लिखने के लिए दिया जाता है इसलिए आज का हमारा यह विषय है। इसी से के बारे में हम आपको लिख कर देंगे। चलिए शुरू करते हैं

100 शब्दों में पतेती त्योहार पर निबंध Pateti Festival Essay in Hindi

पतेती त्यौहार यह पारसी लोगों की न्यूनतम साल की शुरुआत का दिन होता है इस दिन को यह सभी लोग बहुत ही हर्षोल्लास के साथ मनाते हैं। ईरानी और पारसी यह दो धर्म के लोग इस त्योहार को मनाते हैं। यह त्यौहार ईरान और परसों द्वारा पिछले 3000 सालों से मनाया जा रहा है। इस दिन ईरानी और पारसी समुदाय के लोग अपने अग्नि मंदिर पर जाते हैं और वहां पर पूजा करते हैं वहां अग्नि जलाने के लिए उस धर्म के उच्च पंडित द्वारा आदमी को जलाते हैं।

300 शब्दों में प्रति त्योहार पर निबंध Pateti Festival Essay in Hindi

पतेती त्योहार ईरान और पारसी समुदाय वाले लोगों का बहुत ही मुख्य त्यौहार है इस दिन उनके नए साल की शुरुआत होती है। ईरान और पारसी समुदाय के लोग इस त्यौहार को बहुत ही हर्ष उल्लास और धूमधाम से मनाते हैं। पिछले 3000 सालों से यह समुदाय के लोग इस त्योहार को मनाते हुए आ रहे हैं यह त्यौहार उनका बहुत ही पवित्र और खास त्यौहार होता है इस दिन सभी ईरान और पारसी समुदाय के लोग अपने अग्नि मंदिर जाते हैं जहां पर अग्नि प्रज्वलित उनके धर्म के सबसे उच्च पंडित करते हैं।

जिस तरह अन्य धर्म के लोग नए साल को अपने नए जीवन की शुरुआत करने जैसा मानते हैं उसी तरह पार्टी और इरान समुदाय के लोग भी पतेती त्यौहार को एक नए जीवन की शुरुआत के रूप में मानते हैं। पारसी सिद्धांत अच्छे विचार, अच्छे कार्य एवं अच्छे शब्द इन तीनों को मिलाकर पारसी सिद्धांत बनता है।

इस त्यौहार को मनाने के लिए पारसी समुदाय के लोग अपनी कुर्ती या अपने पवित्र वस्त्र पहन कर मनाते हैं और पारसी समुदाय की महिलाएं अपनी हिरलोम साड़ी पहनकर इस त्यौहार को धूमधाम से मनाते हैं। इस दिन पारसी समुदाय के लोग अपवित्र वस्तुओं को एक मेज पर एकत्रित करके रखते हैं या वस्तुएं उनके परिवार की लंबी उम्र एवं सुख समृद्धि प्रदान करने का प्रतीक माना जाता है।

हिंदू समुदाय के लोग जैसे दीपावली के दिन अपने घरों की साफ-सफाई करते हैं एवं उसे तोरण और झालर रंगोली इत्यादि बनाकर सजाते हैं उसी तरह पारसी समुदाय के लोग पतेती के दिन अपने घर की अच्छी तरह से सफाई करते हैं अपने में मुख्य दरवाजे पर हारो से सजाते हैं। वह भी अपने घरों में रंगोली एवं तोरण लगाकर उसे सुसज्जित करते हैं। उनके लिए यह त्यौहार बहुत ही खास होता है इसलिए यह अपने भगवान को धन्यवाद कहते हैं अपने परिवार के लिए सुख समृद्धि एवं लंबी उम्र की कामना करते हैं।

500 शब्दों में पतेती त्योहार पर निबंध Pateti Festival Essay in Hindi

इरान एवं पारसी समुदाय के लोगों का स्थिति बहुत ही मुख्य और पवित्र त्यौहार है इस दिन ही उनके नए साल की शुरुआत होती है इसलिए पारसी समुदाय के लोग इस त्यौहार को बहुत ही हर्ष उल्लास और धूमधाम से मनाते हैं। इस दिन को मनाने के लिए वह अपने अग्नि मंदिर में जाते हैं वहां पर पूजा अर्चना करते हैं एवं वहां पर अग्नि प्रज्वलित उनके समुदाय के सबसे उच्च पंडितों द्वारा किया जाता है। यह त्यौहार पारसी समुदाय वाला पिछले 3000 वर्षों से मनाते हुए आ रहे हैं।

पारसी समुदाय के लोग इस दिन को 19 अगस्त को मनाते हैं जिस तरह हिंदू मुस्लिम इन समुदाय के लोगों के अलग-अलग त्योहार होते हैं उसी तरह पारसी समुदाय काय अतिथि त्योहार बहुत ही खास होता है। हर्षोल्लास के साथ मनाते हुए यह लोग अपने परिवार की लंबी उम्र एवं सुख समृद्धि के लिए अपने भगवान के सामने पूजा याचना करते हैं।

इस दिन सभी पारसी समुदाय के लोग अपने घरों में अच्छे-अच्छे पकवान जैसे मछलियां रवा रेवड़ी बनाते हैं और इस त्यौहार को बहुत ही धूमधाम से मनाते हैं। जिस तरह मुस्लिम समुदाय में ईद के त्यौहार के दिन वह सभी नए वस्त्र एवं अपने घर को अच्छे से सुसज्जित करते हैं उसी तरह पारसी समुदाय के लोग अतिथि के त्यौहार के दिन नए कपड़े एवं अपने घर को तोरण धारण एवं रंगोली बनाकर सजाते हैं।

भारतीय समुदाय में पुरुष अपनी कुर्ती या अपने पवित्र बनियान को पहन कर इस त्योहार को मनाते हैं एवं पारसी समुदाय की महिलाएं अपने हीरलोम साड़ी पहनकर इस त्योहार को मनाते हैं। इस त्यौहार में पारसी समुदाय के लोग एक दूसरे को गले लगाकर पतेती त्यौहार की शुभकामनाएं देते हैं और एकजुट होकर इस त्यौहार को बहुत ही उल्लास के साथ मनाते हैं।

कुछ लोग ऐसा कहते हैं कि कई इसवी सन पीछे 1380 में एक लहर चली थी जब सभी पारसी समुदाय के लोगों ने अपने धर्म में परिवर्तन कर लिया इसलिए आज भारत में पारसी समुदाय के बहुत कम लोग रह रहे हैं।

1380 में ईरान में धर्म परिवर्तन करने के लाभ चली थी ऐसा कहा गया था कि जो अपना धर्म परिवर्तन नहीं करेगा वह ईरान को छोड़कर चला जाएगा इसलिए जिन लोगों को अपना धर्म परिवर्तन नहीं करना था वह लोग छोड़कर भारत देश में आ गए थे और अब तक यहीं पर रह रहे हैं। पतेती शब्द प्रत्येक से मिलकर बना हुआ है जिसका अर्थ होता है कि पछताना अर्थात जाने अनजाने में जब हम किसी को दुख पहुंचा देते हैं

तो हम इस दिन उसे गले लगा कर अपने गलतियों का एहसास करते हैं और उसे क्षमा मांगते हैं। इस त्यौहार को मनाने के लिए सभी पारसी समुदाय के लोग एकत्रित होते हैं और एक दूसरे को गले लगाकर पिछले समय में हुई अपनी गलतियों की माफी मांगते हैं और पतेती त्योहार की शुभकामनाएं देते हैं।

निष्कर्ष
इस ब्लॉग से यह निष्कर्ष निकलता है कि यह त्यौहार भी होली दीपावली एवं एक जैसे त्योहारों में से एक है जिसमें सभी पारसी समुदाय के लोग मिलकर बहुत ही धूमधाम और हर्षोल्लास से मनाते हैं।

दोस्तों हमने अभी आपको लिख कर दिया, essay on pateti festival in hindi। यदि इसी विषय की तरह आपको अन्य विषय पर भी निबंध चाहिए तो आप बेझिझक कमेंट कर सकते हैं हम आपको उस विषय पर निबंध लिख कर देंगे।

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